जांजगीर–चांपा। जांजगीर और चांपा के बीच मत्स्य विभाग कार्यालय के सामने चक्काजाम करने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मछुआ समिति के 20 सदस्यों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की है। इसके साथ ही अन्य प्रदर्शनकारियों को भी प्रकरण में आरोपी बनाया गया है।
यह कार्रवाई सहायक संचालक मत्स्य विभाग सीताराम अहिरवार की लिखित शिकायत पर की गई है। शिकायत में बताया गया कि चक्काजाम के दौरान प्रदर्शनकारियों को समझाने पहुंचे विभागीय कर्मचारियों के साथ अभद्रता और गाली-गलौच की गई तथा शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाई गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रदर्शनकारियों ने करीब तीन घंटे तक सड़क जाम कर रखा, जिससे जांजगीर–चांपा मुख्य मार्ग पर यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा। चक्काजाम के कारण आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 221 एवं 126(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक मार्ग अवरुद्ध करना और शासकीय कार्य में बाधा डालना गंभीर अपराध है, ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
आरोपियों में नवीन धीवर, गायत्री गायग्वाल, ओम प्रकाश धीवर, बुधराम धीवर, भोजराम धीवर, दामोदर धीवर, राकेश महंत निवासी कुलीपोटा, शिवकुमार धीवर निवासी गोधना, करन, विजय धीवर, सरिता धीवर पति समारु धीवर, मीना धीवर, मोनू धीवर निवासी कोसा, अहिल्या धीवर पति लक्ष्मी प्रसाद निवासी कोसा, सविता धीवर निवासी बलौदा, सरिता धीवर पति नारद धीवर निवासी घडोला, रामकुमार, गोवर्धन धीवर पिता रामभरोस निवासी लछनपुर, सहसराम, धनबाई धीवर निवासी भोजपुर चांपा सहित अन्य आरोपी शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय द्वारा आरोपियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।