मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन

कलेक्टर कार्यालय का किया घेराव

बैकुंठपुर,कोरिया। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर चल रहे “मनरेगा बचाओ संग्राम” अभियान के तहत आज कोरिया जिले के जिला मुख्यालय बैकुंठपुर में कांग्रेस पार्टी ने जोरदार धरना प्रदर्शन, विशाल आमसभा एवं कलेक्टर कार्यालय घेराव किया। यह जनआंदोलन केंद्र और राज्य सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज बुलंद करने के लिए आयोजित किया गया।

जिला कांग्रेस कमेटी के तत्वाधान में आयोजित इस कार्यक्रम में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया। कार्यक्रम का नेतृत्व पीसीसी मनरेगा बचाव संग्राम प्रभारी जे. पी. श्रीवास्तव, पूर्व विधायक एवं प्रभारी गुलाब कमरो, पूर्व विधायक अंबिका सिंहदेव, अंबिकापुर से आए अनुपम फिलिप एवं जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रदीप गुप्ता ने किया।

पूर्व जिलाध्यक्ष नजीर अजहर,
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष यवत सिंह, वरिष्ठ कांग्रेसी योगेश शुक्ला, जिला पंचायत सदस्य सुरेश सिंह, पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष वेदांती तिवारी, पूर्व नपा अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बैकुंठपुर बिहारी लाल राजवाड़े, सांसद प्रतिनिधि अविनाश पाठक, अजीत लकड़ा, आशीष डबरे, पार्षद अंकित गुप्ता (लवी), राजीव गुप्ता, सौरभ गुप्ता (मन्नू) सहित अनेक वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।

इसके अलावा, महिला कांग्रेस, सेवा दल, युवा कांग्रेस, NSUI सहित कांग्रेस पार्टी के समस्त प्रकोष्ठों के कार्यकर्ताओं ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और मनरेगा को बचाने एवं मजदूरों के हक की लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम की शुरुआत जिला मुख्यालय स्थित चौक पर धरना प्रदर्शन के साथ हुई, जहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनरेगा में मजदूरी भुगतान में देरी, रोजगार के सीमित अवसर और केंद्र व राज्य सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

इसके बाद विशाल आमसभा का आयोजन किया गया, जिसमें वक्ताओं ने मनरेगा योजना की वर्तमान स्थिति पर चिंता व्यक्त की और इसे ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताते हुए इसे बचाने की मांग की।

आमसभा के उपरांत, कांग्रेस कार्यकर्ताओं का एक बड़ा जत्था जिला कलेक्टर कार्यालय की ओर कूच किया और जोरदार नारेबाजी के साथ कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारियों के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें मनरेगा के तहत मजदूरों को समय पर भुगतान सुनिश्चित करने, पर्याप्त रोजगार उपलब्ध कराने और योजना के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं को दूर करने सहित विभिन्न मांगें शामिल थीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *