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राजा रवि वर्मा: कला, संघर्ष और अभिव्यक्ति के जोखिम का रंगमंचीय पुनर्पाठ

भारतीय कला इतिहास में राजा रवि वर्मा और दादा साहब फाल्के ऐसे दो नाम हैं, जिन्होंने चित्रकला, प्रिंटिंग और सिनेमा—तीनों माध्यमों को जनमानस तक पहुँचाने का ऐतिहा...

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पहल सम्मान और मैं

एक और वह शख्स जिसके शब्दों में लय एवं सुर की मिठास होती थी। ऊर्जावान, साहित्यिक यात्रा का निर्वाहन करने वाला शख्स नहीं रहा।मेरे लिए ज्ञान रंजन जी वह शख्सियत थ...

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ज्ञानरंजन का जाना…”

ज्ञानरंजन का जाना सिर्फ़ एक लेखक का जाना नहीं है; यह उस बेचैन, सवाल करती, असुविधाजनक साहित्यिक चेतना का विराम ह...

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विख्यात कथाकार ज्ञानरंजन के निधन पर साहित्य जगत में शोक, कवि और लेखकों ने जताई संवेदना

जबलपुर। प्रख्यात कथाकार, सशक्त गद्यकार और साहित्यिक पत्रिका पहल के संपादक ज्ञानरंजन के निधन पर साहित्य जगत में शोक की लहर है। उनके निधन को हिंदी साहित्य के लि...

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“हमारे ज्ञान जी” – ज्ञानरंजन को पूरे देश ने याद किया…

जबलपुर। प्रख्यात कथाकार, सशक्त गद्यकार और साहित्यिक पत्रिका पहल के संपादक ज्ञान रंजन के निधन पर साहित्य जगत में शोक व्याप्त है। ज्ञान...

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