नई दिल्ली। राऊज एवेन्यू स्थित विशेष अदालत ने अमीरा प्योर फूड्स प्राइवेट लिमिटेड के चेयरमैन एवं एमडी करण ए चनाना और कंपनी की निदेशक अनीता डाइंग को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कर दिया है। इसके साथ ही अदालत ने दोनों आरोपितों और कंपनी की 123.85 करोड़ रुपये की चल-अचल संपत्तियां जब्त करने का आदेश भी दिया है। यह कार्रवाई प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) गुरुग्राम की ओर से दायर अर्जी पर की गई है।
ईडी की यह जांच सीबीआई द्वारा दर्ज प्राथमिकी के आधार पर शुरू हुई थी। आरोप है कि अमीरा फूड्स ग्रुप ने बैंकों से लिए गए कर्ज का दुरुपयोग किया, जिससे केनरा बैंक के नेतृत्व वाले बैंक कंसोर्टियम को करीब 1,201.85 करोड़ रुपये का वित्तीय नुकसान हुआ। यह कंपनी वर्ष 2017 में एनपीए घोषित हो गई थी।
जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि दोनों आरोपित भारत छोड़कर विदेश में रह रहे हैं। उनके खिलाफ पहले से ही गैर-जमानती वारंट और लुकआउट सर्कुलर जारी किए जा चुके हैं। ईडी के अनुरोध पर इंटरपोल ने करण चनाना के खिलाफ सिल्वर नोटिस भी जारी किया है। अदालत के इस फैसले के बाद अब उनकी चिह्नित संपत्तियों को कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।