डबरा। ग्वालियर जिले के डबरा विकासखंड में सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए लगाए गए एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीके के बाद पांच किशोरियों की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया है। प्रभावित किशोरियों को तत्काल डबरा के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के बाद उनकी स्थिति में सुधार बताया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, पिछोर क्षेत्र के बारकरी जिगनिया गांव की रहने वाली 14 वर्षीय अंजलि, पूनम, रजनी, भारती और रेखा को राज्य सरकार के मुफ्त टीकाकरण अभियान के तहत यह वैक्सीन लगाई गई थी। परिजनों का आरोप है कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने उनकी जानकारी या पूर्व सहमति के बिना ही बच्चियों को टीका लगा दिया। परिजनों ने बताया कि वैक्सीन लगने के कुछ समय बाद ही किशोरियों को चक्कर आने, उल्टी और शारीरिक कमजोरी की शिकायत होने लगी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया।
उल्लेखनीय है कि मध्य प्रदेश सरकार ने फरवरी-मार्च 2026 के दौरान प्रदेश की करीब 8 लाख किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षित करने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। बाजार में इस वैक्सीन की कीमत 4000 रुपये से अधिक है, जिसे सरकारी केंद्रों पर निशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य महिलाओं में होने वाले दूसरे सबसे आम कैंसर यानी सर्वाइकल कैंसर को रोकना है, जो एचपीवी वायरस के संक्रमण से होता है। फिलहाल विभाग इस मामले की जांच कर रहा है कि तबीयत बिगड़ने का कारण वैक्सीन का प्रभाव है या कोई अन्य तकनीकी वजह।