कोरबा। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के क्रियान्वयन में लापरवाही पाए जाने पर जिला पंचायत सीईओ दिनेश कुमार नाग ने कड़ा रुख अपनाया है। पाली विकासखंड की 9 तथा पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड की 11 ग्राम पंचायतों के कर्मचारियों के वेतन आहरण पर रोक लगा दी गई है। यह कार्रवाई आवास निर्माण की समीक्षा के दौरान शून्य प्रगति और गंभीर उदासीनता सामने आने के बाद की गई है।
समीक्षा बैठक में पाया गया कि कई पंचायतों में प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण योजना के तहत स्वीकृत आवासों के निर्माण में अपेक्षित प्रगति नहीं हुई है। इस पर जिला पंचायत सीईओ ने संबंधित पंचायतों के नोडल अधिकारी, तकनीकी सहायक, पंचायत सचिव एवं रोजगार सहायकों के वेतन पर रोक लगाने के निर्देश दिए। साथ ही प्रथम किस्त प्राप्त सभी आवासों को हर हाल में 31 मार्च तक पूर्ण करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं।
रोजगार दिवस पर आजीविका डबरी निर्माण पर जोर
इसी क्रम में ग्राम पंचायतों में आयोजित रोजगार दिवस के दौरान ग्रामीणों को आजीविका डबरी निर्माण के लिए प्रेरित किया गया। ग्रामीणों और श्रमिकों को महात्मा गांधी नरेगा योजना के नवीन प्रावधानों की जानकारी दी गई। इसमें एक वर्ष में 125 दिवस का रोजगार, रोजगार सृजन से जुड़े कार्यों के प्रकार तथा मजदूरी भुगतान में विलंब होने पर मुआवजे के प्रावधानों के बारे में भी बताया गया।
जिला पंचायत सीईओ दिनेश कुमार नाग ने निर्देश दिए कि प्रत्येक माह की 7 तारीख को चावल महोत्सव के साथ-साथ रोजगार दिवस का भी अनिवार्य रूप से आयोजन किया जाए, ताकि योजनाओं की जानकारी ग्रामीणों तक पहुंचे और रोजगार सृजन को बढ़ावा मिल सके।