बिलासपुर। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के नए नियमों के विरोध में सवर्ण समाज द्वारा किए गए भारत बंद का आह्वान छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर में बेअसर नजर आया। शहर के मुख्य बाजार और व्यावसायिक प्रतिष्ठान सामान्य दिनों की तरह खुले रहे। हालांकि, दिन चढ़ने के साथ ही विभिन्न सवर्ण संगठनों, शिक्षकों और छात्रों ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
आंदोलनकारियों का कहना है कि नए नियम सामान्य वर्ग के छात्रों के हितों की अनदेखी करते हैं। आंदोलन के संयोजक डॉ. प्रदीप शुक्ला के नेतृत्व में विभिन्न संगठनों ने रैली निकालकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपने की तैयारी की है।
इस बीच, एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में सुप्रीम कोर्ट ने इन नियमों पर रोक लगा दी है। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने टिप्पणी की कि वर्तमान नियमों में ‘भेदभाव’ की परिभाषा स्पष्ट नहीं है। कोर्ट के आदेशानुसार, जब तक इस पर अंतिम फैसला नहीं आता, वर्ष 2012 के पुराने नियम ही प्रभावी रहेंगे।