डोंगरगढ़. राजनांदगांव जिले के बोरतलाव थाना क्षेत्र में एक नाबालिग किशोरी के साथ लगातार दो अलग-अलग घटनाओं में दुष्कर्म का मामला सामने आया है। 12 जनवरी को स्कूल जाने के लिए घर से निकली किशोरी छह दिनों तक लापता रही। 18 जनवरी को परिवार ने थाने में लापता रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर मामले की संवेदनशील जांच शुरू की गई। तकनीकी निगरानी और जांच के दौरान चौंकाने वाले तथ्य सामने आए।
जांच में पता चला कि किशोरी की दुर्ग जिले के निवासी भूषण साहू 26 वर्ष से सोशल मीडिया के माध्यम से बातचीत होती थी। 12 जनवरी को भूषण ने किशोरी को डोंगरगढ़ बुलाया। मुलाकात के दौरान आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया और बाद में उसे दुर्ग रेलवे स्टेशन पर अकेला छोड़ दिया।
पीड़िता ने बताया कि उसके बाद वह कई दिनों तक दुर्ग रेलवे स्टेशन पर बेहद कठिन हालात में रही। नाबालिग होने के कारण भय और असुरक्षा की स्थिति में वह किसी से मदद मांगने का साहस नहीं जुटा पाई।
17 जनवरी को जब किशोरी घर लौटने का प्रयास कर रही थी, तब डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन पर उसकी मुलाकात आर्यन डकहा 23 वर्ष से हुई। आरोप है कि आर्यन ने भरोसा जीतकर उसके साथ दुर्व्यवहार किया।
पुलिस टीम ने 18 जनवरी की रात डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन के वेटिंग हॉल से तकनीकी निगरानी के आधार पर पीड़िता को आर्यन डकहा के साथ बरामद कर लिया। पीड़िता के बयान के आधार पर पहले आरोपी भूषण साहू की पहचान हुई, जिसे दुर्ग से हिरासत में लिया गया।
पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपराध स्वीकार किया। पीड़िता के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। न्यायालय ने दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। पुलिस ने पीड़िता को सुरक्षित रखने तथा आवश्यक सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है।