बीजापुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों ने नक्सलवाद के खिलाफ अब तक के सबसे बड़े और निर्णायक ऑपरेशनों में से एक को अंजाम दिया है। थाना भोपालपटनम और फरसेगढ़ के सरहदी जंगल क्षेत्र (नेशनल पार्क एरिया) में हुई भीषण मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने 04 महिला माओवादियों सहित कुल 06 खूंखार माओवादियों को मार गिराया है। मारे गए माओवादियों पर कुल 27 लाख रुपये का इनाम घोषित था। मौके से एके-47 और इंसास जैसे आधुनिक स्वचालित हथियार और भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद किए गए हैं।

36 घंटे तक चला आपरेशन, संयुक्त टीम ने घेरा
पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र यादव ने बताया कि नेशनल पार्क एरिया कमेटी के डीवीसीएम (DVCM) दिलीप बेंडजा और अन्य सशस्त्र माओवादियों की मौजूदगी की सटीक सूचना मिली थी। इसके बाद डीआरजी (DRG) बीजापुर व दंतेवाड़ा, एसटीएफ (STF), कोबरा (CoBRA) 202, 206, 210 और सीआरपीएफ (CRPF) 214 की संयुक्त टीम सर्चिंग पर निकली थी। 17 जनवरी 2026 की सुबह शुरू हुई यह मुठभेड़ रुक-रुक कर 18 जनवरी की शाम तक चली। आज 19 जनवरी को बीजापुर जिला मुख्यालय में पुलिस और कोबरा के आला अधिकारियों ने इस बड़ी सफलता का ब्यौरा साझा किया।

8 लाख का इनामी दिलीप बेंडजा ढेर, दर्ज थे 135 मामले
मुठभेड़ में मारा गया सबसे प्रमुख माओवादी दिलीप बेंडजा था, जो नेशनल पार्क एरिया कमेटी का इंचार्ज था और उस पर 8 लाख रुपये का इनाम था। बेंडजा के खिलाफ बीजापुर के विभिन्न थानों में 135 आपराधिक मामले दर्ज थे। वह 2007 के रानीबोदली कैंप हमले और 2025 में शिक्षादूत की हत्या जैसी बड़ी वारदातों में शामिल रहा था।
मारे गए अन्य माओवादियों की शिनाख्त:
- दिलीप बेंडजा (DVCM): इनाम 08 लाख रुपये
- माड़वी कोसा (ACM): इनाम 05 लाख रुपये
- पालो पोड़ियम (ACM): इनाम 05 लाख रुपये
- लक्खी मड़कम (ACM): इनाम 05 लाख रुपये
- जुगलो बंजाम (PM): इनाम 02 लाख रुपये
- राधा मेटटा (PM): इनाम 02 लाख रुपये
हथियारों का जखीरा बरामद
मुठभेड़ स्थल की सर्चिंग के दौरान सुरक्षाबलों ने घातक हथियारों का भंडार जप्त किया है:
- 02 नग AK-47 राइफल (3 मैग्जीन, 32 राउंड)
- 01 नग 5.56 INSAS राइफल (2 मैग्जीन, 30 राउंड)
- 02 नग .303 राइफल (1 मैग्जीन, 20 राउंड)
- 01 नग कार्बाइन (1 मैग्जीन)
- 01 नग बीजीएल लांचर और 08 सेल
- अन्य सामग्री: स्कैनर, वायरलेस सेट, देशी हैंड ग्रेनेड, माओवादी वर्दी, दवाइयां और नक्सल साहित्य।
आईजी सुंदरराज पट्टिलिंगम की अपील: “हिंसा छोड़ें या परिणाम भुगतें”
बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पट्टिलिंगम ने कहा कि बस्तर में माओवादी प्रभाव अब खत्म होने की कगार पर है और वे कुछ छोटे समूहों में सिमट गए हैं। उन्होंने डीकेएसजेडसी (DKSZC) सदस्य पाप्पा राव और अन्य बचे हुए कैडरों से अपील की है कि वे हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण करें और मुख्यधारा में लौटें। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि माओवादी आत्मसमर्पण नहीं करते हैं, तो सुरक्षा बल बस्तर में स्थायी शांति के लिए कानून के अनुसार सख्त और निर्णायक कार्रवाई जारी रखेंगे।