हिमांशु/राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के अलग अलग जिलों में स्टेट जीएसटी ने ई-वे बिल की जांच के लिए विशेष अभियान चला कर इस वित्तीय साल के पहले आठ महीनों में करीब 24 करोड़ रुपए की टैक्स पेनाल्टी वसूली है। स्टेट जीएसटी की 15 टीमें राज्य में बिना ई-वे बिल के माल परिवहन कर रहे वाहनों की जांच कर रही है।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक ये टीमें ई-वे बिल की जांच के लिए जीएसटी द्वारा तैयार किए गए विशेष एप का उपयोग कर रही है। विशेष एप में जांच टीम द्वारा एप पर गाड़ी नम्बर डालते ही सारी जानकारी सामने आ जाती है। वाहन में ई-वे बिल है या नहीं तथा इसकी वैधता कब तक है, सारा विवरण मिल जाता है। जिन वाहनों में ई-वे बिल नहीं होने की जानकारी मिलती है उन्हें रोक कर बिल, बिल्टी और ई-वे बिल मांगा जाता है। डाक्युमेंट नहीं दिखाने पर प्रकरण में नियमानुसार डीलर अथवा ट्रांसपोर्टर से टैक्स-पेनाल्टी की वसूली के बाद ही वाहनों को छोड़ा जाता है। प्रदेश में बिना ई- वे बिल माल का परिवहन कर रहे वाहनों में सबसे ज्यादा संख्या आयरन एंड स्टील ले जाने वाली गाड़ियों की है।।