छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग में हाल ही में बड़े पैमाने पर प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। पुलिस मुख्यालय (PHQ) द्वारा जारी ताजा आदेशों के तहत कई निरीक्षकों (इंस्पेक्टर) और उप निरीक्षकों (सब-इंस्पेक्टर) के तबादले किए गए हैं। इस फेरबदल का मुख्य उद्देश्य राज्य की कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ और प्रभावी बनाना है।
इस पुलिस ट्रांसफर से जुड़ी मुख्य बातें निम्नलिखित हैं:
1. DGP कार्यालय से जारी हुआ आदेश
पुलिस महानिदेशक (DGP) कार्यालय द्वारा जारी आधिकारिक सूची के अनुसार, 15 इंस्पेक्टर और 1 सब-इंस्पेक्टर का स्थानांतरण किया गया है। विभाग ने सभी संबंधित अधिकारियों को बिना किसी देरी के तत्काल प्रभाव से अपनी नई पोस्टिंग पर कार्यभार संभालने के निर्देश दिए हैं।
2. दुर्ग जिले के थानों में बड़ा उलटफेर
एक अन्य बड़े प्रशासनिक बदलाव के तहत रायपुर मुख्यालय ने देर रात एक और सूची जारी की, जिसमें 64 पुलिस निरीक्षकों के नाम शामिल हैं। इस फेरबदल का सीधा असर दुर्ग जिले की पुलिसिंग पर पड़ा है:
- दुर्ग जिले से 7 निरीक्षकों को दूसरे जिलों में भेजा गया है।
- जिले की कानून-व्यवस्था को नया नेतृत्व देने के लिए 3 नए निरीक्षकों की दुर्ग में पदस्थापना की गई है।
3. इन प्रमुख थाना प्रभारियों की बदली जिम्मेदारी
इस तबादला प्रक्रिया के तहत कई महत्वपूर्ण थानों के प्रभारियों को नक्सल प्रभावित और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में भेजा गया है:
| अधिकारी का नाम (निरीक्षक) | वर्तमान/पूर्व पदस्थापना | नवीन पदस्थापना (कहाँ ट्रांसफर हुआ) |
| अंबर सिंह भारद्वाज | सुपेला थाना प्रभारी | कांकेर |
| रामेंद्र कुमार सिंह | जामुल थाना प्रभारी | कोंडागांव |
| राजेश कुमार साहू | उतई थाना प्रभारी | सुकमा |
| आनंद शुक्ला | खुर्सीपार थाना | बीजापुर |
| मनीष शर्मा | ट्रैफिक शाखा | दंतेवाड़ा |
| श्रद्धा पाठक (मिश्रा) | – | कोंडागांव |
| वंदिता पानिकर | – | कोंडागांव |
प्रशासनिक दृष्टिकोण: पुलिस मुख्यालय के मुताबिक, यह एक नियमित प्रक्रिया है। समय-समय पर मैदानी पुलिसिंग को दुरुस्त करने, विभागीय समन्वय बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए इस तरह के बदलाव किए जाते हैं। नए अधिकारियों की तैनाती से प्रभावित क्षेत्रों में पुलिसिंग को एक नई ऊर्जा मिलने की उम्मीद है।